काव्यधारा के लिए खोज परिणाम ( 1-3 )
जल संकट में काव्यधारा की नमी ...
बड़े सुधी श्रोता थे। शिवमंगलसिंह सुमन से लेकर देवराज दिनेश और ओमप्रकाश आदित्य से लेकर नीरज तक को रात-रातभर सुना करते थे। जैसा कि पहले हमारे यहाँ परंपरा रही है कि बचपन से ही पिता अपने बच्चों को संस्कार...
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क्या कर रहे हैं हमारे आलोचक? ...
यह शिकायत रही कि उसकी सही 'आलोचना' नहीं हुई और 'आलोचना' की शिकायत रही कि रचना उसकी कसौटियों पर खरी नहीं उतरी। दरअसल आलोचना के अपने मानदंड रहे हैं और जितनी तेजी से 'रचना' बदलती रही, उतनी तीव्रता से आल...
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कबीर ...
के बीच साबुत बचा न कोए। कबीर में हिंदू और मुसलमान संस्कृतियाँ जिस तरह तालमेल खा गईं, इतना तालमेल तुम्हें गंगा और यमुना में, प्रयाग में भी नहीं मिलेगा; दोनों का जल अलग-अलग मालूम होता है। कबीर में जल भ...
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